प्रकृति की सुन्दरता फूलों से | स्क्रीन सेवर बनाएं और आनंद लें

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प्रकृति की सुन्दरता फूलों से | स्क्रीन सेवर बनाएं और आनंद लें | 

मुठ्ठी भर मीठी रौशनी

तुम्हारे मौन ने
कही थी कहानी ।
सुना था मैंने
अनगिनत,
मीठे गीत,
इन्हीं आँखों की जुबानी ।
एक मीठा सा
एहसास भी था
जिसे मैंने
मुठ्ठी में बंद कर
समेट लेने की
कोशिश भी की थी ।
पर जान गई हूँ
एहसास मुठ्ठी में
बंद नहीं हुआ करते ।
रौशनी के तरह
बस उजाला फैला जाते हैं
जैसे आज भी फैला है
तुमसे मेरे जीवन में ।

- सीमा कुमार
६ फरवरी, २००७
(शादी की सालगिरह पर ।)

टिप्पणियाँ

Life ने कहा…
har saal kushiya laaye apki zindagi mein,
har din aap dono mein vishwas baddhe
har pal app mein pyaar baddhe
aur sari zindagi apko jeevan kushmay aur surakshit rahe

Both of u live happiy
Mohinder56 ने कहा…
सुन्दर सहज भाव से मन को छुने वाली रचनाये है आप की साथ ही आप की पसन्द भी बहुत उच्च कोटी की है, बहुत कुछ पढ्ना बाकी है........लिखते रहिये

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